18.8 करोड़ की ठगी करने वाला सहायक महाप्रबंधक गिरफ्तार
लखनऊः देश की कई नामी फर्मों से 18.8 करोड़ रुपये की हेराफेरी करने वाले सहायक महाप्रबंधक को साइबर क्राइम सेल और आर्थिक अपराध शाखा (इओडब्ल्यू) की टीम ने शुक्रवार को गिरफ्तार किया है। आरोपित ने अपनी ही कंपनी की फर्जी इमेल आइडी बनाकर यह जालसाजी की थी। जून में बिजनौर थाने में कंपनी के क्षेत्रीय प्रबंधक ने मुकदमा दर्ज कराया था।
साइबर क्राइम सेल प्रभारी शिशिर यादव ने बताया कि पकड़ा गया आरोपित हरियाणा के करनाल स्थित सिग्नेचर ग्लोबल निक हेरीटेज लान सेक्टर-35 निवासी राघवेंद्र प्रताप सिंह उर्फ रघु है। शहीद पथ के किनारे स्थित बिजनौर इलाके में एनएसीएल इंडस्ट्रियल लि. में सहायक महाप्रबंधक के पद पर तैनात था। 19 को जून कंपनी के क्षेत्रीय प्रबंधक संजय सिंह बिजनौर थाने में मुकदमा दर्ज कराया था, जिसमें राघवेंद्र पर आरोप था कि उसने देश के कई प्रांतों की फर्म के साथ हुए कारोबारी समझौते का दुरुपयोग किया। इसके लिए फर्जी इमेल आइडी बना रखी थी। फर्मों के साथ लेनदेन के हिसाब में हेराफेरी की। पांच वर्षों के अंदर धीरे-धीरे 18.8 करोड़ रुपये उसने हड़प लिए इसका राजफाश आडिट रिपोर्ट में हुआ। वहीं, कुछ फर्म के मालिकों ने भी इसकी शिकायत की थी।
इओब्ल्यू ने शुरू की थी जांचः इंस्पेक्टर बिजनौर अरविंद कुमार राणा के मुताबिक जून में मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले की जांच इओडब्ल्यू और साइबर क्राइम सेल ने जांच शुरू की। संयुक्त टीम ने आरोपित राघवेंद्र की तलाश में हरियाणा, दिल्ली व नोएडा के कई ठिकानों पर दबिश दी। शुक्रवार को आरोपित को दिल्ली से टीम ने गिरफ्तार किया। प्रभारी ने बताया कि आरोपित को कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।


